हद होगई लोकमत के चाटूकारीता की...

Mar 23, 2025 - 21:24
 0  107
हद होगई  लोकमत के चाटूकारीता की...

हद होगई यार चाटु कारीता कि, फेस बुक पर लोकमत की ऐक पोस्ट देखी! एक अमेरिकन युवक की फोटो के साथ शिर्षक लिखा था, "एक अमेरिकन युवक तिथल्या महागाई ला कंटाळून भारतात स्थाइक झाला " अर्थात एक अमेरिकन युवक वहां की महंगाई से त्रस्त होकर भारत मे आ बसा! 

अब या तो पोस्ट लिखने वाले को देश की महंगाई से कोई वास्ता नही पडा होगा! या चाटुकरो की जमात मे शामिल होने की जल्दी! 

लगे हाथ हमने दैनिक सिटिज़न सारांश की ओर से अमेरिकन सरकार द्वारा वहां के बेरोजगारो के सरकार की ओर से दिए जाने वाले बेरोजगार भत्ते को लेकर ग्रोक से सवाल पुछ लिया! भाई जो जवाब मिला है उसे पढकर आप हैरान हो जाओ गे, वहां के बेरोजगार को सरकार इतना बेरोजगार भत्ता देती है, जितना हमारे यहां की लक्झरियस लाइफ गुज़ारने के लिए पर्याप्त है! ग्रोक की ओर से दिया गया जवाब शब्दशः आप के पेशे ख़िदमत है!

अमेरिका में बेरोजगारों को मिलने वाला बेरोजगारी भत्ता (Unemployment Benefits) राज्य और स्थिति के आधार पर अलग-अलग होता है, क्योंकि वहां कोई एकसमान राष्ट्रीय दर नहीं है। यह भत्ता संघीय सरकार और राज्य सरकारों के संयुक्त प्रयासों से प्रदान किया जाता है। सामान्य तौर पर, बेरोजगारी भत्ता व्यक्ति की पिछली आय पर आधारित होता है और इसे साप्ताहिक रूप से दिया जाता है।2023-2024 के आंकड़ों के अनुसार, औसतन अमेरिका में बेरोजगारी भत्ता $300 से $600 प्रति सप्ताह के बीच होता है, हालांकि यह राशि राज्य के न्यूनतम और अधिकतम सीमा पर निर्भर करती है। उदाहरण के लिए:न्यूनतम: कुछ राज्यों में यह $50-$100 प्रति सप्ताह तक कम हो सकता है।अधिकतम: मैसाचुसेट्स जैसे राज्य में यह $1,000 प्रति सप्ताह से अधिक भी हो सकता है।कोविड-19 के दौरान विशेष सहायताकोविड-19 महामारी के दौरान, अमेरिकी सरकार ने अतिरिक्त सहायता प्रदान की थी। CARES एक्ट (2020) के तहत बेरोजगारों को नियमित राज्य भत्ते के अलावा $600 प्रति सप्ताह अतिरिक्त दिया गया था। बाद में यह राशि घटकर $300 प्रति सप्ताह हो गई थी, जो 2021 तक लागू रही। हालांकि, ये अस्थायी योजनाएं अब समाप्त हो चुकी हैं।सामान्य गणना (2025 के संदर्भ में)वर्तमान में, बिना किसी विशेष राहत पैकेज के, औसत बेरोजगारी भत्ता मान लें $400 प्रति सप्ताह (एक मध्यम अनुमान):डॉलर में (प्रति माह): $400 × 4 सप्ताह = $1,600 प्रति माह।भारतीय मुद्रा में: 1 डॉलर = लगभग 83 रुपये (मार्च 2025 के विनिमय दर के आधार पर),

$1,600 × 83 = 1,32,800 रुपये प्रति माह।नोटयह राशि हर व्यक्ति के लिए अलग हो सकती है, क्योंकि यह उनकी पिछली कमाई, राज्य के नियमों और काम के घंटों पर निर्भर करती है।कुछ मामलों में, भत्ता 26 सप्ताह तक मिलता है, लेकिन विशेष परिस्थितियों में इसे बढ़ाया जा सकता है।तो, संक्षेप में:डॉलर में: औसतन $1,600 प्रति माह।भारतीय रुपये में: औसतन 1,32,800 रुपये प्रति माह।धन्यवाद!

 आप से अनुरोध है,डोनाल्ड ट्रम्प को इस ख़बर का पता चल  गया तो अपने सारे बेरोजगारो को भारत भेज दगे, इस लिए राष्ट्र हित मे ख़बर को पढने के बाद आगे ना भेजे तुरंत डिलिट करदे !

कटाक्ष....!

What's Your Reaction?

like

dislike

love

funny

angry

sad

wow